Sunday, 1 January 2017

देखा  जाएगा..... 

लगन  तुम  से  लगा  बैठे, जो  होगा देखा जाएगा ,
हम  खुदको  सजा   बैठे,  जो  होगा  देखा जाएगा। 

काबिलेतारीफ़ है ,कातिल भी; तुम्हारी कानाफूसी ,
बातें  हम  भी   बना  बैठे, जो  होगा  देखा जाएगा।

एतराज़  है  दुनिया   को, यूँ , हमारे   एकरार  पर,
हलफ़नामा   करा   बैठे  ,जो  होगा  देखा  जाएगा। 

अश्रुतपूर्व  है,असावधानी का इस ओर से  गुजरना,
अहेतुक खुदको  गिरा बैठे, जो  होगा देखा जाएगा।   

कमंगर  कभी  खुद  किसीको  घायल  नहीं  करता,
तीर  'कान्त' पर चला  बैठे,जो  होगा देखा जाएगा।  
                               ***
-'कान्त '


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